Punjab Congress President: पंजाब विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस की प्रदेश इकाई में नेतृत्व परिवर्तन की चर्चा अब निर्णायक मोड़ पर पहुंचती दिख रही है। कांग्रेस हाईकमान ने प्रदेश अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग को पद से हटाने का फैसला कर लिया है, ऐसी रिपोर्ट सामने आई है। हालांकि नए प्रदेश अध्यक्ष के नाम का आधिकारिक ऐलान अभी नहीं हुआ है।
इस पूरे घटनाक्रम के बीच पूर्व मंत्री विजय इंदर सिंगला का नाम प्रमुखता से चर्चा में है। उनके अलावा सुखजिंदर सिंह रंधावा, गुरजीत सिंह औजला, परगट सिंह और सुखबिंदर सिंह सरकारिया समेत कई नेताओं के नाम संभावित विकल्पों के तौर पर सामने आए हैं।
कई महीनों से चल रही थी पंजाब कांग्रेस में खींचतान
पंजाब कांग्रेस में नेतृत्व को लेकर विवाद नया नहीं है। पिछले कई महीनों से राजा वड़िंग और पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के खेमे के बीच मतभेदों की खबरें सामने आती रही हैं।
जुलाई में कांग्रेस ने संगठन में बदलाव करते हुए राजा वड़िंग को प्रदेश अध्यक्ष के पद पर बरकरार रखा था। वहीं चरणजीत सिंह चन्नी को कैंपेन कमेटी की जिम्मेदारी दी गई थी। इसके बावजूद पार्टी के भीतर नेतृत्व परिवर्तन की मांग खत्म नहीं हुई।
इसी दौरान कांग्रेस के भीतर अलग-अलग नेताओं की नाराजगी और संगठनात्मक मतभेदों की चर्चा लगातार बनी रही। पार्टी हाईकमान की ओर से संगठन को एकजुट रखने की कोशिशें भी हुईं, लेकिन विवाद पूरी तरह खत्म नहीं हुआ।
सचिन पायलट की एंट्री के बाद बढ़ी हलचल
5 सितंबर को कांग्रेस ने भूपेश बघेल की जगह सचिन पायलट को पंजाब का प्रभारी नियुक्त किया। पायलट के आने के बाद उन्होंने प्रदेश कांग्रेस के नेताओं और संगठन से जुड़े पदाधिकारियों से व्यापक बातचीत शुरू की।
रिपोर्टों के मुताबिक पायलट ने वरिष्ठ नेताओं और जिला स्तर के पदाधिकारियों समेत 50 से अधिक लोगों से बातचीत की और संगठन की स्थिति पर फीडबैक लिया। इस फीडबैक के आधार पर तैयार रिपोर्ट पर कांग्रेस के शीर्ष नेताओं के साथ चर्चा हुई।
पायलट के नेतृत्व में पंजाब कांग्रेस ने सार्वजनिक तौर पर एकजुटता दिखाने की कोशिश भी की। चंडीगढ़ में हुए एक कार्यक्रम में चरणजीत सिंह चन्नी और राजा वड़िंग समेत कई वरिष्ठ नेता एक मंच पर दिखाई दिए। इसे पार्टी के भीतर मतभेद कम करने की कोशिश के तौर पर देखा गया।
नए Punjab Congress President की रेस में कौन-कौन?
राजा वड़िंग की जगह नए प्रदेश अध्यक्ष के नाम को लेकर कई नेताओं की चर्चा है।
विजय इंदर सिंगला
पूर्व मंत्री और कांग्रेस नेता विजय इंदर सिंगला का नाम प्रमुख दावेदारों में बताया जा रहा है। भारतीय एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक उनका नाम संभावित उत्तराधिकारियों में सबसे ज्यादा चर्चा में है।
उनके नाम के साथ पंजाब के सामाजिक और क्षेत्रीय समीकरण भी जोड़े जा रहे हैं। हालांकि अंतिम फैसला कांग्रेस हाईकमान को करना है और अभी तक नए प्रदेश अध्यक्ष की आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है।
अन्य नाम भी चर्चा में
नए प्रदेश अध्यक्ष के लिए सुखजिंदर सिंह रंधावा, गुरजीत सिंह औजला, परगट सिंह और सुखबिंदर सिंह सरकारिया के नाम भी सामने आए हैं। कुछ रिपोर्टों में चरणजीत सिंह चन्नी और प्रताप सिंह बाजवा के नाम भी संभावित विकल्पों में बताए गए हैं।
अब आगे क्या होगा?
30 सितंबर की रिपोर्टों के मुताबिक कांग्रेस हाईकमान ने राजा वड़िंग को नेतृत्व परिवर्तन के फैसले की जानकारी दे दी है और नए प्रदेश अध्यक्ष की घोषणा जल्द हो सकती है।
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ऐसे में अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि हाईकमान किस नाम पर अंतिम मुहर लगाता है। नया प्रदेश अध्यक्ष चुनने के साथ कांग्रेस के सामने अलग-अलग गुटों को साथ लाने और चुनावी तैयारी को आगे बढ़ाने की चुनौती भी होगी।
पंजाब में विधानसभा चुनाव से पहले प्रदेश कांग्रेस के नेतृत्व में यह बदलाव पार्टी के संगठनात्मक ढांचे के लिए एक अहम घटनाक्रम माना जा रहा है। हालांकि नए अध्यक्ष के नाम की आधिकारिक घोषणा होने के बाद ही तस्वीर पूरी तरह साफ होगी।