संडे ड्यूटी के बीच दो यूनियन बैंक अधिकारियों की मौत, हादसों के बाद कर्मचारियों में आक्रोश

नई दिल्ली/मुंबई/चेन्नई: 27 सितंबर 2026 को देशभर में विशेष रविवार बैंकिंग व्यवस्था के बीच दो बैंक अधिकारियों की सड़क हादसों में मौत की खबर सामने आई। इनमें नवी मुंबई में यूनियन बैंक की अधिकारी नेहा गुप्ता और चेन्नई जोन के कांचीपुरम क्षेत्र में यूनियन बैंक ऑफ इंडिया की रानीपेट EAB शाखा के ब्रांच मैनेजर वेंकट प्रसाद शामिल हैं। दोनों घटनाओं के बाद बैंक कर्मचारी संगठनों में रविवार को ड्यूटी कराए जाने को लेकर सवाल उठ रहे हैं।

संडे ड्यूटी के बीच दो यूनियन बैंक अधिकारियों की मौत

यह विशेष रविवार बैंकिंग व्यवस्था 28 से 30 सितंबर के प्रस्तावित तीन दिवसीय बैंक हड़ताल से पहले रखी गई थी। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार, सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों और क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों को 27 सितंबर को काम करने के लिए कहा गया था, ताकि लगातार छुट्टियों के बीच ग्राहकों को बैंकिंग सेवाएं मिल सकें।

नवी मुंबई में नेहा गुप्ता की सड़क हादसे में मौत

नवी मुंबई के वाशी स्थित रीजनल ऑफिस में तैनात नेहा राजीवकुमार गुप्ता की रविवार को सड़क हादसे के बाद मौत हो गई। वह यूनियन बैंक में Scale-II Officer थीं और रीजनल हेड की Personal Assistant के तौर पर काम कर रही थीं।

मिली जानकारी के मुताबिक, नेहा को रविवार को कार्यालय आने के लिए कहा गया था। रिपोर्टों में बताया गया है कि उन्होंने घर पर बच्चे की देखभाल की जिम्मेदारी होने के कारण रविवार की ड्यूटी को लेकर अपनी परेशानी अधिकारियों के सामने रखी थी। इसके बावजूद उन्हें ड्यूटी पर आना पड़ा। इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध स्रोतों में पूरी तरह नहीं हुई है, इसलिए इसे कर्मचारियों से जुड़ी रिपोर्टिंग के रूप में देखा जाना चाहिए।

ड्यूटी के दौरान एक पारिवारिक आपात स्थिति के कारण उन्हें घर लौटना पड़ा। वह ऑटो-रिक्शा से सीवुड्स स्थित अपने घर की ओर जा रही थीं। इसी दौरान पाम बीच रोड पर सरसोले सिग्नल के पास एक टैक्सी ने ऑटो को टक्कर मार दी।

हादसे में नेहा गंभीर रूप से घायल हुईं। उन्हें नेरुल के डी.वाई. पाटिल अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। पुलिस ने टैक्सी चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू की है।

चेन्नई में ब्रांच मैनेजर वेंकट प्रसाद की मौत

इसी दिन दूसरी घटना चेन्नई जोन के कांचीपुरम क्षेत्र से सामने आई। यूनियन बैंक ऑफ इंडिया की रानीपेट EAB शाखा के ब्रांच मैनेजर वेंकट प्रसाद रविवार सुबह ड्यूटी के लिए शाखा की ओर जा रहे थे।

रिपोर्ट के अनुसार, रास्ते में उनकी गाड़ी एक गंभीर सड़क दुर्घटना का शिकार हो गई। हादसे में उनकी मौत हो गई। बैंकिंग क्षेत्र से जुड़ी रिपोर्टों में इसे रविवार की विशेष ड्यूटी के दिन सामने आई दूसरी दुखद घटना बताया गया है।

बैंक यूनियनों ने उठाए ड्यूटी व्यवस्था पर सवाल

इन दोनों घटनाओं के बाद बैंक कर्मचारी और अधिकारी संगठनों में चिंता और नाराजगी की बात सामने आई है। यूनियन प्रतिनिधियों की ओर से यह सवाल उठाया जा रहा है कि लगातार छुट्टियों और प्रस्तावित हड़ताल के बीच रविवार को बैंक खोलने की व्यवस्था में कर्मचारियों की सुरक्षा और कामकाजी परिस्थितियों को किस तरह देखा गया।

27 सितंबर को बैंक खोलने की व्यवस्था के पीछे मुख्य वजह 28 से 30 सितंबर के प्रस्तावित बैंक हड़ताल के कारण ग्राहकों को लगातार कई दिनों तक शाखा सेवाओं से दूर रहने से बचाना बताई गई थी। बैंक यूनियनें इसी अवधि में पांच दिवसीय बैंकिंग सप्ताह समेत अपनी मांगों को लेकर आंदोलन कर रही थीं।

यह भी पढ़ें: Parvesh Verma Slap Video: तिलक नगर में सड़क निरीक्षण के दौरान विवाद, Parvesh Verma पर थप्पड़ मारने का आरोप

हालांकि, दोनों मौतों को सीधे तौर पर रविवार की ड्यूटी के आदेश का परिणाम बताना अभी जांच का विषय है। उपलब्ध रिपोर्टों में हादसों की परिस्थितियां सामने आई हैं, लेकिन यह निष्कर्ष निकालना कि ड्यूटी आदेश ही दोनों मौतों का प्रत्यक्ष कारण था, स्वतंत्र जांच के बिना उचित नहीं होगा।

कर्मचारियों की सुरक्षा और वर्क-लाइफ बैलेंस पर बहस

दोनों घटनाओं ने बैंकिंग क्षेत्र में कर्मचारियों की सुरक्षा, काम के दबाव और रविवार की विशेष ड्यूटी जैसे मुद्दों को फिर चर्चा में ला दिया है। बैंक संगठनों की ओर से पहले भी रविवार की ड्यूटी, साप्ताहिक अवकाश और कर्मचारियों की कार्य परिस्थितियों को लेकर सवाल उठाए जाते रहे हैं।

नेहा गुप्ता और वेंकट प्रसाद की मौत के बाद अब बैंक कर्मचारी संगठनों की ओर से घटनाओं की निष्पक्ष जांच और जिम्मेदारी तय करने की मांग उठ रही है। इन हादसों की पूरी तस्वीर संबंधित जांच और आधिकारिक जानकारी सामने आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top